एस्कॉर्ट्स कुबोटा लिमिटेड के एग्री मैकेनाइजेशन डिवीजन ने फरवरी 2026 में ट्रैक्टर बिक्री के मोर्चे पर मजबूत प्रदर्शन करते हुए कुल 10,339 यूनिट्स की बिक्री दर्ज की। यह आंकड़ा फरवरी 2025 में बेची गई 8,590 यूनिट्स की तुलना में 20.4% अधिक है, जो कंपनी की स्थिर और निरंतर प्रगति को दर्शाता है।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था में सुधार, खेती-किसानी की सक्रियता, अनुकूल सरकारी नीतियां और जीएसटी से जुड़ी राहत जैसे कारकों ने बाजार में सकारात्मक माहौल तैयार किया है। यह वृद्धि संकेत देती है कि भारतीय किसान तेजी से कृषि यंत्रीकरण की ओर बढ़ रहे हैं और आधुनिक उपकरणों में निवेश करने की उनकी क्षमता पहले से बेहतर हुई है।
फरवरी 2026 के दौरान कंपनी ने भारतीय बाजार में 9,725 ट्रैक्टरों की बिक्री की, जबकि पिछले वर्ष इसी महीने यह संख्या 7,968 यूनिट्स थी। इस प्रकार घरेलू बिक्री में 22.1% की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई।
रबी सीजन के दौरान खेतों में बढ़ी गतिविधियां, किसानों की बेहतर नकदी स्थिति और विभिन्न सरकारी योजनाओं का समर्थन इस उछाल के प्रमुख कारण रहे।
ग्रामीण क्षेत्रों में सकारात्मक बाजार भावनाओं और बेहतर फसल उत्पादन ने ट्रैक्टरों की मांग को नई गति दी है। यह भी स्पष्ट है कि छोटे और मध्यम किसान अब अधिक तकनीकी रूप से उन्नत उपकरणों को अपनाने में रुचि दिखा रहे हैं, जिससे कंपनी को मजबूत आधार मिला है।
जहां घरेलू बाजार में कंपनी ने शानदार प्रदर्शन किया, वहीं निर्यात खंड में फरवरी महीने के दौरान हल्की गिरावट देखने को मिली। फरवरी 2026 में कंपनी ने 614 ट्रैक्टरों का निर्यात किया, जबकि फरवरी 2025 में यह आंकड़ा 622 यूनिट्स था।
इस प्रकार 1.3% की मामूली कमी दर्ज की गई। वैश्विक बाजारों में मांग में उतार-चढ़ाव, मुद्रा विनिमय दरों का प्रभाव और कुछ क्षेत्रों में आर्थिक अनिश्चितता इसके संभावित कारण हो सकते हैं। हालांकि यह गिरावट अल्पकालिक प्रतीत होती है और दीर्घकाल में निर्यात प्रदर्शन मजबूत बना हुआ है।
वित्त वर्ष 2025-26 की अप्रैल से फरवरी अवधि के दौरान कंपनी ने कुल 1,21,551 ट्रैक्टरों की बिक्री की, जो पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में बेची गई 1,04,180 यूनिट्स की तुलना में 16.7% अधिक है।
यह निरंतर वृद्धि कंपनी की रणनीतिक योजना, मजबूत वितरण नेटवर्क और बाजार में विश्वसनीय ब्रांड छवि को दर्शाती है। साल-दर-साल आधार पर यह प्रगति इस बात का संकेत है कि कंपनी ने घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों बाजारों में अपनी पकड़ मजबूत की है।
अप्रैल से फरवरी की 11 माह की अवधि में घरेलू बिक्री 1,15,412 यूनिट्स तक पहुंच गई, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में 99,788 ट्रैक्टर बेचे गए थे। इस प्रकार 15.7% की वृद्धि दर्ज की गई।
बेहतर मानसून, कृषि उत्पादों को मिले अच्छे दाम और ग्रामीण वित्त की उपलब्धता ने किसानों की क्रय शक्ति को बढ़ाया है। इन कारकों ने ट्रैक्टर उद्योग में स्थिर और मजबूत मांग बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई है।
हालांकि फरवरी माह में निर्यात में हल्की गिरावट रही, लेकिन अप्रैल से फरवरी की कुल अवधि में निर्यात में जबरदस्त 39.8% की वृद्धि दर्ज की गई। इस अवधि में कंपनी ने 6,139 ट्रैक्टरों का निर्यात किया, जबकि पिछले वर्ष समान अवधि में 4,392 यूनिट्स का निर्यात हुआ था।
यह आंकड़ा दर्शाता है कि अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कंपनी की स्वीकार्यता और प्रतिस्पर्धात्मकता लगातार बढ़ रही है। भारतीय ट्रैक्टरों की गुणवत्ता और किफायती कीमतें वैश्विक ग्राहकों को आकर्षित कर रही हैं।
फरवरी 2026 में 20.4% की मासिक वृद्धि और वित्त वर्ष की अब तक की अवधि में 16.7% की समग्र वृद्धि यह दर्शाती है कि Escorts Kubota Limited कृषि यंत्रीकरण क्षेत्र में सशक्त स्थिति में है।
घरेलू बाजार इसकी प्रमुख ताकत बना हुआ है, जबकि निर्यात खंड में दीर्घकालिक वृद्धि के संकेत उत्साहजनक हैं। मौजूदा परिस्थितियां बताती हैं कि यदि ग्रामीण मांग और कृषि क्षेत्र में सकारात्मक रुझान जारी रहते हैं, तो आने वाले महीनों में कंपनी का प्रदर्शन और भी बेहतर हो सकता है।
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